(18.04.2025 – मुंबई) शुक्रवार को विश्व मैत्री मंच की महाराष्ट्र इकाई की काव्य-चौपाल प्रोफ़ेसर व शोधकार्य मार्गदर्शक आदरणीय डॉ दयानंद तिवारी की अध्यक्षता में हीरानंदानी, पवई स्थित श्रीमती उषा साहू के निवास स्थान पर, सफलतापूर्वक संपन्न हुई। कुल 12 प्रतिभागियों ने कविता पाठ किया। कार्यक्रम का कुशल संचालन आतिथेय श्रीमती उषा साहू ने किया। सभी प्रतिभागियों के परिचय के पश्चात शिल्पा सोनटक्के की मधुर वाणी में सरस्वती वंदना के साथ कार्यक्रम का आग़ाज़ हुआ।
उषा साहू ने मुख्य अतिथि माननीय डॉ दयानंद तिवारी का विस्तृत परिचय देकर उनका स्वागत करते हुए, आभार व्यक्त किया।
वरिष्ठ पत्रकार सुश्री दिव्या जैन ने ‘स्त्री अस्मिता’ पर बहुत सुन्दर और सशक्त कविता सुनाई। मनवीन कौर पाहवा ने होली को विषय बनाकर ‘वृद्धों की मुस्कान’ पर एक भावपूर्ण कविता का पाठ किया। आभा दवे ने समसामयिक विषय पर कविता ‘भेजो मत बना के जग में बिटिया’ सुनाकर सभी को द्रवित कर दिया। सुमन सारस्वत ने वहाँ उपस्थित रचनाकारों का स्वागत करते हुए सुंदर ‘क्षणिकाएँ’ सुनाई और साथ ही अपनी ख़ूबसूरत व्यंग्यात्मक कविता ‘भौंकने की आज़ादी इस देश में ही है’ सुनाई।

